सुमित्रानंदन पंत
जीवन, उपाधियाँ, पुरस्कार, काव्य और प्रमुख पंक्तियाँ — परीक्षा-केंद्रित revision के लिए क्रमबद्ध नोट्स।
व्यक्तिगत परिचय
- जन्म
- 20 मई 1900 ई., कौसानी (वर्तमान बागेश्वर, उत्तराखंड)।
- मृत्यु
- 28 दिसंबर 1977 ई., इलाहाबाद।
- पिता / माता
- गंगादत्त पंत / सरस्वती देवी।
- शिक्षा
- बनारस और इलाहाबाद।
गाँधीजी के आह्वान से प्रभावित होकर पढ़ाई छोड़ दी। - पत्रिका संपादन
- ‘रूपाभ’ (1938 ई.)
उपनाम एवं उपाधियाँ
नाम
- गोसाईं दत्तबचपन का नाम।
प्रमुख उपाधियाँ / पहचान
- प्रकृति के सुकुमार कवि
- शब्द-शिल्पी कवि
- छायावाद के चार प्रमुख स्तंभों में से एकप्रसाद · निराला · पंत · महादेवी वर्मा
पुरस्कार एवं सम्मान
साहित्य अकादमी पुरस्कार — ‘कला और बूढ़ा चाँद’ के लिए।
पद्म भूषण
सोवियत लैंड नेहरू पुरस्कार — ‘लोकायतन’ के लिए।
ज्ञानपीठ पुरस्कार — ‘चिदंबरा’ के लिए।
विशेष: पंत हिंदी के प्रथम ज्ञानपीठ पुरस्कार विजेता बने।
काव्य रचनाएँ
प्रथम रचना
‘गिरजे का घंटा’ (1916 ई.) — पंत की प्रथम कविता मानी जाती है।
परीक्षा: यह तथ्य प्रतियोगी परीक्षाओं में सीधे पूछा गया है।
छायावादी रचनाएँ
मुख्य रचनाएँउच्छ्वास · ग्रंथि · वीणा · पल्लव · गुंजन
- वीणा
- प्रथम काव्य-संग्रह।
- पल्लव
- पंत की प्रमुख छायावादी कृति।
परिवर्तन — पल्लव की प्रमुख लंबी कविता।
प्रगतिवादी रचनाएँ
मुख्य रचनाएँयुगांत · युगवाणी · ग्राम्या
ग्राम्या की प्रमुख कविताएँभारत माता ग्रामवासिनी
संध्या के बाद — ग्रामीण जनजीवन एवं सामाजिक यथार्थ।
अरविंद-दर्शन / अध्यात्म से प्रभावित रचनाएँ
रचनाएँस्वर्णकिरण · स्वर्णधूलि · उत्तरा · अतिमा
पुरस्कार-प्राप्त प्रमुख कृतियाँ
- कला और बूढ़ा चाँद ⭐ — साहित्य अकादमी।
- चिदंबरा ⭐ — ज्ञानपीठ।
अन्य रचनाएँ
महाकाव्य
रचनाएँलोकायतन · सत्यकाम
काव्य-रूपक / नाट्य रचनाएँ
रचनाएँज्योत्स्ना · रजत शिखर · शिल्पी
उपन्यास
हार — पंत की आरंभिक गद्य-रचना / उपन्यास।
कहानी-संग्रह
पाँच कहानियाँ
संयुक्त काव्य-संग्रह
खादी के फूल — सुमित्रानंदन पंत और हरिवंश राय बच्चन की संयुक्त कृति।
प्रमुख पंक्तियाँ
“वियोगी होगा पहला कवि, आह से उपजा होगा गान…”
“छोड़ द्रुमों की मृदु छाया, तोड़ प्रकृति से भी माया…”
“कहो, तुम रूपसि कौन? व्योम से उतर रही चुपचाप…”
“भारत माता ग्रामवासिनी…”
“पावस ऋतु थी, पर्वत प्रदेश, पल-पल परिवर्तित प्रकृति-वेश।”
“फैली खेतों में दूर तलक, मखमल की कोमल हरियाली…”
NCERT